नई दिल्ली – देश में डिजिटल लेनदेन को सुगम और पारदर्शी बनाने के उद्देश्य से भारतीय राष्ट्रीय भुगतान निगम (NPCI) ने यूपीआई (UPI) लेनदेन से जुड़े नियमों में बड़ा बदलाव किया है। ये नए नियम 1 अगस्त 2025 से प्रभावी होंगे और सभी बैंकों व पेमेंट ऐप्स (जैसे PhonePe, Google Pay, Paytm आदि) पर लागू होंगे।
UPi Payment New Update In July 2025: Overviews
| आर्टिकल का प्रकार | UPI Payment New Update |
| आर्टिकल का नाम | UPI Balance Check New Update |
| आवेदन प्रक्रिया | ऑनलाइन |
| ऑफिसियल वेब्साइट | Click Here |
UPI Payment & Balance Check New Update 28 July 25
UPI लेनदेन में बड़ा बदलाव: अब हर ट्रांजेक्शन के बाद दिखेगा खाते का बैलेंस, 1 अगस्त से लागू होंगे नए नियम
नई दिल्ली – देश में डिजिटल लेनदेन को सुगम और पारदर्शी बनाने के उद्देश्य से भारतीय राष्ट्रीय भुगतान निगम (NPCI) ने यूपीआई (UPI) लेनदेन से जुड़े नियमों में बड़ा बदलाव किया है। ये नए नियम 1 अगस्त 2025 से प्रभावी होंगे और सभी बैंकों व पेमेंट ऐप्स (जैसे PhonePe, Google Pay, Paytm आदि) पर लागू होंगे।
🔍 क्या है नया बदलाव?
अब हर बार जब आप UPI के माध्यम से कोई ट्रांजेक्शन करेंगे — चाहे वो भुगतान हो या पैसा प्राप्त करना — उसके तुरंत बाद आपके बैंक खाते की बची हुई राशि (शेष राशि) स्क्रीन पर दिखेगी।
उदाहरण:
यदि आपने किसी को ₹100 भेजे, तो ट्रांजेक्शन सफल होते ही आपको यह भी दिखेगा कि आपके खाते में कितनी राशि बची है।
🔢 UPI सेवाओं की दैनिक सीमा भी तय की गई
अब ग्राहकों को कुछ सेवाओं पर दैनिक उपयोग की सीमा दी गई है। 1 अगस्त से निम्नलिखित सेवाओं को एक दिन में अधिकतम 10 बार उपयोग किया जा सकेगा:
- बैलेंस जांच
- यूपीआई पिन सेट करना
- यूपीआई पिन बदलना
- मोबाइल नंबर बदलना
- एप्लिकेशन लॉगिन
- आधार संख्या से बैंक खाता लिंक करना
- क्यूआर कोड स्कैन करना
- बैंक सूची देखना
- ऐप की भाषा बदलना
- पेमेंट बैंक खाता जोड़ना
📊 बैलेंस जांच की नई सुविधा:
ग्राहक एक दिन में 50 बार तक बैलेंस जांच कर सकेंगे। इससे उन्हें हर ट्रांजेक्शन के बाद अपने खर्चों की जानकारी तुरंत मिल सकेगी।
📉 सर्वर पर बोझ होगा कम:
UPI के बेतहाशा इस्तेमाल के कारण बैंकों और पेमेंट गेटवे पर सर्वर का लोड बहुत बढ़ गया है। नए नियमों के तहत, बैलेंस जांच और अन्य ऑपरेशन्स की संख्या सीमित होने से सर्वर पर बोझ कम होगा, और सिस्टम अधिक स्थिर व तेज चलेगा।
🔧 किन सेवाओं में नहीं होगा कोई परिवर्तन?
निम्नलिखित कार्यों पर कोई सीमा नहीं लगाई गई है:
- पैसे भेजना (Send Money)
- पैसे प्राप्त करना (Receive Money)
- बिल पेमेंट
- रिचार्ज
- क्यूआर से पेमेंट करना
- मर्चेंट पेमेंट करना
✅ 5 सबसे बड़े बदलावों की सूची:
- हर यूपीआई ट्रांजेक्शन के बाद खाते की शेष राशि दिखाई देगी।
- रोज़ाना बैलेंस जांच अधिकतम 50 बार ही की जा सकेगी।
- 10 सेवाओं को एक दिन में केवल 10 बार उपयोग कर सकेंगे।
- ग्राहकों को अपने खर्चों पर बेहतर नियंत्रण मिलेगा।
- बैंक सर्वर पर लोड कम होगा और फेल ट्रांजेक्शन की समस्या घटेगी।